पशु रोगों के नियन्त्रण हेतु राज्यों को सहायता (ASCAD)

(60 प्रतिशत केन्द्र पोषित)

योजना का उद्देश्य

        योजना में पशुओं की विभिन्न रोगों से रोक-थाम हेतु विविध प्रकार के टीकाकरण का कार्य किया जाता है। साथ ही योजनान्तर्गत समय-समय पर पशुचिकित्सा के अधिकारियों एवं कर्मचारियों को पशुचिकित्सा संस्थानों से नवीनतम विधाओं एवं तकनीकी प्रशिक्षण दिलाने का कार्य भी किया जाता है। वर्तमान में योजनान्तर्गत इण्डोपैरासिटिक कण्ट्रोल प्रोग्राम एवं रैबीज टीकाकरण कार्यक्रम भी चलाया जाना प्रस्तावित है। फलतः वर्तमान में योजनान्तर्गत 07-महत्वपूर्ण कम्पोनेन्ट हैः-

 

1. टीकाकरणः- प्रदेश के समस्त जनपदों में एच.एस., रैबीज रोग की रोक-थाम हेतु टीकाकरण

2. बीमारियों का इपीडिमियोलोजिकल सर्वे प्रोग्राम,

3. प्रशिक्षण,

4. जागरूकता कार्यक्रम,

5.पशु जैविक औषधि उत्पादन संस्थान एवं मण्डलीय प्रयोगशालाओं का संदृढ़ीकरण एवं

6.बर्ड फ्लू कण्ट्रोल प्रोग्राम,

7- इण्डोपैरासिटिक कण्ट्रोल प्रोग्राम।

योजना का कार्य स्थल  :   सम्पूर्ण उत्तर प्रदेश

योजना का संचालन :

         वित्तीय वर्ष 2015-16 के प्रारम्भ में यह योजना भारत सरकार द्वारा 50 प्रतिशत केन्द-पोषित तथा वर्तमान में इसे 60 प्रतिशत केन्द-पोषित योजना के रूप में संचालित किये जाने का निर्णय लिया गया है। अवशेष 40 प्रतिशत राज्य सरकार द्वारा कार्यक्रमों के संचालन हेतु धनराशि का वहन किया जाता है।

 

         योजनान्तर्गत पशुचिकित्साविदो एवं पशुधन प्रसार अधिकारियों का उ0प्र0 पं0दीन दयाल उपाध्याय पशुचिकित्सा विज्ञान विश्वविद्यालय एवं गो अनुसंधान संस्थान, मथुरा तथा भारतीय पशुचिकित्सा अनुसंधान संस्थान, इज्जतनगर-बरेली आदि संस्थानों से पशु रोगों के नियन्त्रण से सम्बन्धित विषयों पर प्रशिक्षण दिलाया जाता है।

 

         योजना में टीकाकरण कार्य पशुचिकित्सा अधिकारी के नेतृत्व में टीमें गठित कर पशुपालक के द्वार पर किया जाता है।

 

         उक्त टीकाकरण के सापेक्ष पशुपालकों से किसी प्रकार की लेवी/शुल्क नहीं लिया जाता है।

 

         पशु रोगों के सम्बन्ध में पशुपालकों को जागरूक करने हेतु विकासखण्ड एवं जनपद स्तर पर जागरूकता अभियान/गोष्ठियों के साथ-साथ कार्यशाला/सेमीनार के आयोजन भी किये जाते हैं।

         वर्ष  2016-17  में प्रदेश में 4 करोड़ पशुओ में एच. एस. टीकाकरण का कार्य किया गया है

         वर्ष  2016-17  में प्रदेश में 4 करोड़ 50 लाख  पशुओ में एच. एस. टीकाकरण हेतु लक्षित किया गया है

 

                        अधिक जानकारी हेतु सम्पर्क करें - डा0 एस०सी० गुप्ता 

                                                                                                 संयुक्त निदेशक,  रोग नियन्त्रण

                                                                                   निदेशालय, पशुपालन विभाग, 0प्र0 लखनऊ,

                                        मो0- 9936985310